कृषि समन्वयक पर करवाई के बाद बाह पर काली पट्टी लगाकर सरकार का जता रहे हैं विरोध

कृषि समन्वयक पर करवाई के बाद बाह पर काली पट्टी लगाकर सरकार का जता रहे हैं विरोध
  बोलता भोजपुर कृषि समन्वयक पर करवाई के बाद बाह पर काली पट्टी लगाकर सरकार का जता रहे हैं विरोध आरा। बिहार के बक्सर,बेतिया,मधुबनी,अररिया,जहानाबाद जिला में कृषि समन्यवक पर स्थानीय प्रशासन द्वारा हुई कार्यवाई के खिलाफ भोजपुर कृषि समन्यवक समिति के आह्वान पर जिले के सभी प्रखंडों में कृषि समन्यवक बाह पर काली पट्टी लगाकर काम करते नजर आए।सरकार के दमनकारी नीति के खिलाफ कृषि समन्यवक समिति के द्वारा 19 अगस्त से 24 अगस्त तक सभी कर्मचारी अपनी बाह पर काली पट्टी बांधकर कार्यालय का काम कर रहे हैं।भोजपुर के गड़हनी प्रखंड के सभी कृषि समन्यवक हाथों पर काली पट्टी बांधकर काम करते नजर आए।कृषि समन्यवक सतेन्द्र प्रसाद सिंह काली पट्टी लगाकर कॄषि केंद्र गड़हनी में किसानों के बीच यूरिया खाद का वितरण करवाये।प्रखंड कृषि समन्यवक राजीव कुमार ने बताया कि बिहार के कई जिलों में कार्यरत कृषि समन्यवक पर जो कार्यवाई हुई है वह अनुचित है। जब सरकार द्वारा उर्वरक उठाव व जांच निरीक्षण की शक्ति कृषि समन्वय नहीं दी गई बावजूद कार्यवाई की गई।जिसके खिलाफ पांच दिवसीय सांकेतिक विरोध किया जा रहा है।इसके बाद भी सरकार दमनकारी नीति नहीं छोड़ती है तो आन्दोलन तेज किया जाएगा।सभी कर्मचारियों पर हुई कार्यवाई को वापस लेने,पे ग्रेड को 2800 से बढ़ाकर 4600 करने एवम कृषि समन्यवक पदनाम को कृषि पदाधिकारी करने की मांग भी की जा रही है।अब देखना यह होगा कि क्या सरकार कृषि समन्यवकों की मांग को सुनती है या फिर ठंढे बस्ते में डालती है यह तो वक्त ही बताएगा।